February 7, 2019
भीतर होश जागे, यही शिक्षा का उद्‌देश्य

भीतर होश जागे, यही शिक्षा का उद्‌देश्य

शिक्षा में भी जहर होता है..। सुनकर अजीब लगेगा लेकिन, यह ऐसा ही है जैसे जहर में दवा होती है और दवा में भी विष रहता […]
February 6, 2019
न खुद दुखी रहें और न दूसरों को दुखी करें

परिवार को ईश्वर द्वारा दी जिम्मेदारी समझें

अगर आपने गृहस्थी बसाई है, विवाह करके एक परिवार में रह रहे हैं तो इसे केवल यंू न समझिए कि यह एक सामाजिक परंपरा का निर्वहन […]
February 5, 2019
सावधान रहें, आपकी भूलें बच्चे न दोहराएं

सावधान रहें, आपकी भूलें बच्चे न दोहराएं

संस्कृत में शब्द आया है- ‘फलेन परिचियते’। इसका मतलब है फल देखकर अंदाजा लग सकता है कि पेड़ कैसा रहा होगा। यही बात बच्चों और माता-पिता […]
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